Recent changes Random page
GAMING
Entertainment
 
Star Wars
Star Trek
Transformers
Muppet Wiki
Digimon Wiki
Marvel Database
See more...

क्या अमरों का लोक मिलेगा.../ महादेवी वर्मा

From Hindi Literature

यहां जाईयें: नेविगेशन, ख़ोज

लेखिका: महादेवी वर्मा

~*~*~*~*~*~*~*~*~*~*~*~*~*~*~

वे मुस्काते फूल नहीं

जिनको आता है मुर्झाना,

वे तारों के दीप नहीं

जिनको भाता है बुझ जाना


वे सूने से नयन,नहीं

जिनमें बनते आंसू मोती,

वह प्राणों की सेज,नही

जिसमें बेसुध पीड़ा सोती


वे नीलम के मेघ नहीं

जिनको है घुल जाने की चाह

वह अनन्त रितुराज,नहीं

जिसने देखी जाने की राह


ऎसा तेरा लोक, वेदना

नहीं,नहीं जिसमें अवसाद,

जलना जाना नहीं, नहीं

जिसने जाना मिटने का स्वाद!


क्या अमरों का लोक मिलेगा

तेरी करुणा का उपहार

रहने दो हे देव अरे

यह मेरा मिटने का अधिकार!

Rate this article:
Share this article: