सब कुछ कृष्णार्पणम्, सब कुछ कृष्णार्पणम् / गुलाब खंडेलवाल
From Hindi Literature
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रचनाकार: गुलाब खंडेलवाल | |
सब कुछ कृष्णार्पणम्, सब कुछ कृष्णार्पणम्
ज्ञान-ध्यान, शक्ति-श्रम
राग-द्वेष, मोह-भ्रम
दाह, दीनता, अहम्
सब कुछ कृष्णार्पणम्
भोग-योग, यम-नियम
श्रेय, प्रेय, प्रेयतम
लाभ-हानी, सम-विषम
सब कुछ कृष्णार्पणम्
भव-विभव, अधिक कि कम
शिव-अशिव, शुभाशुभम्
प्राप्त जो अगम, सुगम
सब कुछ कृष्णार्पणम्
सत्, असत्, अहम्, इदम्,
वृत्ति उच्च या अधम
सुंदरम् असुंदरम्
सब कुछ कृष्णार्पणम्
